बलरामपुर। जिला स्वास्थ्य विभाग, बलरामपुर, यूनिसेफ छत्तीसगढ़ एवं MCCR ट्रस्ट के सहयोग से सामुदायिक स्वयंसेवकों के लिए विशेष उन्मुखीकरण कार्यक्रम का आयोजन किया गया। कार्यक्रम का उद्देश्य सिकल सेल रोग (SCD), बाल मधुमेह (Type 1 Diabetes - T1D), जन्मजात हृदय रोग (CHD) तथा मातृ एवं शिशु स्वास्थ्य (MCH) से जुड़े विषयों तथा क्षेत्रीय समस्या जैसे बल विवाह, किशोरी गर्भावस्था, स्कूल ड्राप आउट बच्चों के विषयो पर विस्तार के साथ गहराई से सभी को बताया गया |
कार्यक्रम में 55 सामुदायिक स्वयंसेवक शामिल रहे। संवेदीकरण के दौरान विशेषज्ञों द्वारा बच्चों में बढ़ते गैर-संचारी रोगों की चुनौती, उनकी प्रारंभिक पहचान, समय पर जांच, उपचार एवं रेफरल सेवाओं की आवश्यकता पर विस्तारपूर्वक जानकारी दी गई।
बाल विवाह के मामलो में पहल करते हुए परिवारों को परामर्श एवं इससे होने वाले दुष्परिणामों के बारे में जानकारी देने की सलाह दी गयी | किशोरी गर्भावस्था के जोखिमों से अवगत करते हुए अपने आसपास ऐसे मामले न हो इसके लिए सामुदायिक स्तर पर होने वाले बैठकों में इस विषय को आवश्यक और गंभीर रूप से रखने हेतु सुझाव दिए गए , इसी प्रकार स्कूल ड्राप आउट बच्चो को होने वाले नुकसान से अवगत कराकर उन्हें पुनः शाला जाने हेतु प्रेरित करने के बारे में भी बताया गया |
विशेषज्ञों ने कहा कि ऐसे में यदि इन्हें स्वास्थ्य विषयों की सही जानकारी उपलब्ध कराई जाए, तो वे समय पर पहचान, रेफरल एवं उपचार सुनिश्चित करने में महत्वपूर्ण भूमिका निभा सकते हैं। कार्यक्रम में विशेष रूप से इस बात पर बल दिया गया कि सामुदायिक स्तर पर जागरूकता एवं भरोसेमंद संवाद स्वास्थ्य सेवाओं तक पहुँच बढ़ाने का प्रभावी माध्यम बन सकता है।
सत्रों के दौरान प्रतिभागियों को बच्चों में टाइप-1 मधुमेह के शुरुआती लक्षण—जैसे अत्यधिक प्यास लगना, बार-बार पेशाब आना, अचानक वजन कम होना एवं अत्यधिक कमजोरी—की पहचान के बारे में जानकारी दी गई। इसके साथ ही सिकल सेल रोग की समय पर जांच एवं नियमित उपचार, जन्मजात हृदय रोग से प्रभावित बच्चों के शीघ्र रेफरल तथा गर्भवती महिलाओं एवं नवजात शिशुओं की नियमित देखभाल की आवश्यकता पर भी विस्तार से चर्चा की गई।
कार्यक्रम में पूर्ण टीकाकरण, पोषण, एनीमिया नियंत्रण, संस्थागत प्रसव, मातृ एवं शिशु स्वास्थ्य सेवाओं की नियमित निगरानी तथा सामुदायिक सहयोग को मजबूत करने पर भी विशेष जोर दिया गया। कार्यक्रम के अंत में प्रतिभागियों ने समुदाय स्तर पर स्वास्थ्य जागरूकता गतिविधियों को बढ़ावा देने, जरूरतमंद परिवारों को समय पर स्वास्थ्य संस्थानों से जोड़ने तथा मातृ एवं शिशु स्वास्थ्य सेवाओं को सुदृढ़ बनाने में सक्रिय सहयोग देने का संकल्प लिया।
इस कार्यक्रम को सफल बनाने हेतु जिला स्वास्थ्य विभाग से डॉ. विजय सिंह मुख्य चिकित्सा एवं स्वास्थ्य अधिकारी, डॉ अनुज टोप्पो जिला टीकाकरण अधिकारी, सुश्री स्मृति एक्का जिला कार्यक्रम प्रबंधक, श्री दिब्य किशोर गुप्ता जिला मीडिया प्रभारी, श्री नेतराम बलरामपुर विकासखंड कार्यक्रम प्रबंधक, श्री सौरभ प्रभारी आरएमएनसीएच सलाहकार, डॉ श्वेताभ त्रिपाठी स्वास्थ्य अधिकारी यूनिसेफ़ रायपुर, सुरभि शुक्ला कम्युनिटी मोबिलइजेशन कंसलटेंट दिल्ली व यूनिसेफ़ टीम रायपुर का विशेष योगदान रहा.
यूनिसेफ से डॉ गजेंद्र सिंह के नेतृत्व में तथा डॉ. डी. श्याम कुमार संचालक एमसीसीआर ट्रस्ट का विशेष सहयोग प्राप्त हुआ।

0 टिप्पणियाँ