कोरिया बैकुंठपुर / जिले में 15 नवंबर से प्रारंभ हुई धान खरीदी प्रक्रिया 31 जनवरी 2026 तक जारी रहेगी। धान खरीदी को पारदर्शी, सुव्यवस्थित और किसान-हितैषी बनाने के उद्देश्य से कलेक्टर श्रीमती चन्दन त्रिपाठी द्वारा नियमित समीक्षा की जा रही है। मंगलवार को आयोजित समीक्षा बैठक में उन्होंने नोडल अधिकारियों एवं संबंधित विभागों को कई महत्वपूर्ण और सख्त निर्देश दिए।
कलेक्टर ने स्पष्ट कहा कि हमालों को भुगतान में किसी भी प्रकार की देरी स्वीकार्य नहीं होगी। सहकारिता विभाग से समितिवार भुगतान की स्थिति की जानकारी ली गई तथा जिन समितियों में भुगतान लंबित है, वहां तत्काल भुगतान सुनिश्चित करने के निर्देश दिए गए। उन्होंने दोहराया कि किसानों से जबरन हमाली नहीं कराई जाए और स्वेच्छा से सहयोग करने वाले किसानों को नियमानुसार पारिश्रमिक अवश्य दिया जाए।
सतर्क ऐप में नियमित फोटो अपलोड को अनिवार्य बताते हुए कलेक्टर ने कहा कि धान विक्रय हेतु आने वाले किसानों, वाहनों और खरीदी प्रक्रिया के प्रत्येक चरण की फोटो ऐप में अपलोड होनी चाहिए। इससे निगरानी व्यवस्था मजबूत होगी और अनियमितताओं पर प्रभावी नियंत्रण रहेगा।
कलेक्टर ने रकबा समर्पण के लिए किसानों को प्रेरित करने पर भी जोर दिया। उन्होंने बताया कि अब तक जिले में 1496 किसानों द्वारा 90 हेक्टेयर से अधिक रकबा समर्पित किया जा चुका है, जिसे और बढ़ाया जाना आवश्यक है।
उपार्जन केंद्रों की स्थिति की समीक्षा करते हुए कलेक्टर ने निर्देश दिए कि बफर लिमिट से अधिक धान जमा होने पर तत्काल सूचना दी जाए। अधिक खरीदी वाले केंद्रों में रकबा सत्यापन कराने और बोगस धान की संभावना पर विशेष सतर्कता बरतने के निर्देश दिए गए। किसानों की सुविधा के लिए सभी आवश्यक व्यवस्थाएँ सुनिश्चित करने पर भी जोर दिया गया।
बैठक में अपर कलेक्टर ने बताया कि हमालों को विशेष ड्रेस उपलब्ध कराई जाएगी, जिससे उनकी पहचान सुनिश्चित हो सके। साथ ही सभी समितियों में हमालों के नाम एवं आईडी कार्ड संधारित रखने के निर्देश दिए गए हैं।
कलेक्टर ने दोनों एसडीएम को नियमित रूप से खरीदी केंद्रों का निरीक्षण करने के निर्देश दिए। पुलिस विभाग को चेकपोस्टों पर जांच तेज करने तथा अन्य जिलों व राज्यों से अवैध धान परिवहन पर कड़ी निगरानी रखने को कहा गया। साथ ही धान की नमी की जांच मॉइश्चर मशीन से निर्धारित मानकों के अनुसार करने तथा गुणवत्ता के अनुरूप ही खरीदी सुनिश्चित करने के निर्देश दिए गए।
कलेक्टर ने स्पष्ट किया कि प्रशासन का लक्ष्य पारदर्शी, सुरक्षित, निष्पक्ष और किसान-हितैषी धान खरीदी व्यवस्था को पूरी सख्ती और संवेदनशीलता के साथ लागू करना है।

0 टिप्पणियाँ