सीनेन फाउंडेशन के अध्यक्ष ने वृद्धजनों के साथ मनाया पुत्र का जन्मदिवस, सेवा और संवेदना का दिया संदेश


कोरिया बैकुंठपुर । आज के समय में जहाँ अधिकांश लोग अपने व्यक्तिगत उत्सव को परिवार और मित्रों के बीच मनाते हैं, वहीं कुछ लोग ऐसे भी हैं जो अपने खुशियों के अवसर को समाज सेवा से जोड़कर एक अनोखा उदाहरण प्रस्तुत करते हैं। ऐसा ही प्रेरक कार्य किया सीनेन फाउंडेशन छत्तीसगढ़ की अध्यक्ष डॉ. अंजना सैमुअल ने, जिन्होंने अपने पुत्र सीनेन कुमार का जन्मदिवस इस बार भी उन लोगों के साथ मनाया, जो समाज की सबसे उपेक्षित और असहाय श्रेणी में आते हैं।

डॉ. अंजना सैमुअल ने अपने बेटे का जन्मदिवस सबरी सेवा संस्थान द्वारा संचालित वृद्धा आश्रम, धौरा टिकरा, बैकुंठपुर में जाकर मनाया। उनकी यह पहल यह दर्शाती है कि मानव सेवा से बड़ी कोई सेवा नहीं होती और अपनी खुशियों को दूसरों के साथ बांटने से ही जीवन का वास्तविक सुख प्राप्त होता है।

कार्यक्रम में संस्था के अध्यक्ष, पदाधिकारियों और सदस्यों की संयुक्त उपस्थिति में बड़ी आत्मीयता और अपनत्व के साथ जन्मदिवस का आयोजन किया गया। इस अवसर पर वृद्धजनों को कंबल, मिठाईयां और फल वितरित किए गए। सभी वृद्धजन इस अनोखे समारोह से अभिभूत दिखे। उन्होंने सीनेन कुमार को हृदय से आशीर्वाद देते हुए उसके उज्ज्वल भविष्य की कामना की।

इस अवसर पर समिति के सक्रिय सदस्य डॉ. सुमन कुमार, आर्यन कुमार, पूर्व सदस्य श्रीमती आराधना सैमुअल सहित अन्य सदस्य मौजूद रहे। सभी ने अपने स्तर पर वृद्धजनों से बातचीत कर उनका हालचाल पूछा और उनके साथ समय बिताया।

डॉ. अंजना सैमुअल ने बताया कि वे हर वर्ष अपने पुत्र का जन्मदिवस किसी न किसी सामाजिक संस्था, आश्रम या विशेष विद्यालय में जाकर मनाती हैं। उनका कहना है कि “दूसरों की खुशी में ही हमारी असली खुशी है। जब हम उन लोगों के जीवन में थोड़ी-सी मुस्कान ला पाते हैं जिन्हें समाज ने कहीं न कहीं भुला दिया है, तब लगता है कि हमारे जीवन का उद्देश्य सार्थक हो रहा है।”

उन्होंने यह भी बताया कि वे पूर्व में वृद्धा आश्रम अंबिकापुर, स्पेशल स्कूल अंबिकापुर, होली क्रॉस द्वारा संचालित वृद्धा आश्रम रायपुर, पियाली स्पेशल स्कूल शंकर नगर रायपुर, स्पेशल स्कूल कोटा रायपुर, वृद्धा आश्रम कोटा रायपुर सहित कई संस्थानों में जाकर जन्मदिवस और अन्य कार्यक्रम मनाती रही हैं। उनका यह सतत प्रयास समाज में सेवा की भावना को बढ़ावा देता है।

वृद्धजनों ने भी डॉ. अंजना सैमुअल के इस अद्वितीय प्रयास की सराहना की और कहा कि ऐसे आयोजन उन्हें अपनेपन का एहसास कराते हैं। उन्होंने सीनेन कुमार को दीर्घायु, स्वस्थ और सफल जीवन का आशीर्वाद दिया।

समाज सेवा और मानवीय संवेदना का यह उदाहरण दर्शाता है कि यदि हर व्यक्ति अपनी खुशियों का एक अंश भी समाज के लिए समर्पित कर दे, तो कई जीवनों में रोशनी फैलाई जा सकती है। डॉ. अंजना सैमुअल और उनकी टीम का यह प्रयास न केवल प्रशंसनीय है बल्कि समाज के लिए प्रेरणा का स्रोत भी है।

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